पटना नगर निगम की खुले में थूकने वालों पर सख्ती: 500 रुपये जुर्माना, तस्वीरें VMD स्क्रीन पर होंगी प्रसारित

पटना नगर निगम

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पटना नगर निगम नियम तोड़ने वाले को रखेगा “नगर शत्रु” की श्रेणी में

पटना नगर निगम ने खुले में थूकने और गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ सख्त अभियान शुरू किया है। 500 रुपये जुर्माना, CCTV निगरानी और VMD स्क्रीन पर तस्वीरें प्रसारित करने का फैसला लिया गया है।

पटना को स्वच्छ और नागरिक-अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ा कदम

पटना नगर निगम ने राजधानी को स्वच्छ, सुंदर और नागरिक-अनुकूल बनाने के उद्देश्य से एक बड़ा और सख्त निर्णय लिया है। अब सार्वजनिक स्थलों पर पान, गुटका या अन्य तंबाकू उत्पादों का सेवन कर खुले में थूकने वालों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे लोगों से मौके पर ही 500 रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा, साथ ही उनकी तस्वीरें शहर के विभिन्न स्थानों पर लगी वैरिएबल मैसेज डिस्प्ले (VMD) स्क्रीन पर प्रसारित की जाएंगी। नगर निगम ने इस तरह के नियमों का उल्लंघन करने वालों को “नगर शत्रु” की श्रेणी में रखने का भी निर्णय लिया है।

नगर आयुक्त के निर्देश पर शुरू हुआ विशेष अभियान

नगर आयुक्त सह पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड के प्रबंध निदेशक यशपाल मीणा के निर्देश पर यह विशेष स्वच्छता अभियान पूरे शहर में चलाया जा रहा है। नगर निगम का स्पष्ट मानना है कि खुले में थूकने की प्रवृत्ति न केवल शहर की स्वच्छता और सौंदर्य को नुकसान पहुंचाती है, बल्कि यह गंभीर जनस्वास्थ्य जोखिम भी पैदा करती है। खासकर भीड़भाड़ वाले इलाकों में यह आदत संक्रामक बीमारियों के फैलने का बड़ा कारण बन सकती है।

‘रेड स्पॉट’ बनने से पहले सख्ती जरूरी

नगर निगम के अनुसार चौक-चौराहों, फ्लाइओवरों, सड़कों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर खुले में थूकने से कई इलाके ‘रेड स्पॉट’ बनने की कगार पर पहुंच चुके हैं। ऐसे स्थानों पर लगातार गंदगी फैलने से न सिर्फ सफाई व्यवस्था पर अतिरिक्त बोझ पड़ता है, बल्कि शहर की छवि भी खराब होती है। इन्हीं कारणों को देखते हुए अब सख्ती को जरूरी माना गया है।

3300 CCTV कैमरों से हो रही 24×7 निगरानी

पटना शहर में 415 प्रमुख स्थानों पर लगाए गए करीब 3300 सीसीटीवी कैमरे इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) से जुड़े हुए हैं। इन कैमरों के माध्यम से पूरे शहर की 24 घंटे निगरानी की जा रही है। नगर आयुक्त ने ICCC को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सार्वजनिक स्थलों पर थूकने या गंदगी फैलाने वालों की पहचान कर उनकी तस्वीरें VMD स्क्रीन पर प्रदर्शित की जा सकती हैं, ताकि दूसरों को भी सख्त संदेश जाए।

खुले में पेशाब करने वालों पर भी कार्रवाई

इस अभियान के तहत केवल थूकने वालों ही नहीं, बल्कि खुले में पेशाब करने वालों के खिलाफ भी दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। नगर निगम की प्रवर्तन टीमों को निर्देश दिया गया है कि वे मौके पर ही नियम तोड़ने वालों से जुर्माना वसूलें। इससे नियमों का उल्लंघन करने वालों में डर बनेगा और लोग सार्वजनिक शौचालयों का उपयोग करने के लिए प्रेरित होंगे।

सब-वे में अब तक 250 लोगों से वसूला गया जुर्माना

नगर निगम की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार मल्टी मॉडल हब से पटना जंक्शन को जोड़ने वाली भूमिगत सब-वे में अब तक लगभग 250 लोगों से खुले में थूकने के मामलों में जुर्माना वसूला जा चुका है। यह आंकड़ा दर्शाता है कि सख्त निगरानी और त्वरित कार्रवाई से लोगों के व्यवहार में बदलाव लाया जा सकता है।

स्वच्छ सर्वेक्षण में रैंकिंग सुधारने की उम्मीद

नगर निगम का मानना है कि यह अभियान न केवल शहर की स्वच्छता में सुधार लाएगा, बल्कि स्वच्छ सर्वेक्षण में पटना की रैंकिंग को बेहतर बनाने में भी अहम भूमिका निभाएगा। बीते वर्षों में स्वच्छता को लेकर राजधानी को आलोचनाओं का सामना करना पड़ा है, ऐसे में यह कदम छवि सुधारने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

नागरिकों से सहयोग की अपील

पटना नगर निगम ने आम नागरिकों से भी इस अभियान में सहयोग की अपील की है। यदि कोई व्यक्ति सार्वजनिक स्थल पर थूकता या गंदगी फैलाता दिखाई दे, तो उसकी सूचना तुरंत टॉल फ्री नंबर 155304 पर देने का आग्रह किया गया है। निगम का कहना है कि जनसहयोग के बिना किसी भी स्वच्छता अभियान को सफल बनाना संभव नहीं है।

स्वच्छ, सुंदर और स्वस्थ पटना की ओर कदम

नगर निगम का स्पष्ट संदेश है कि नियमों का पालन करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। सख्ती के साथ-साथ जागरूकता के जरिए पटना को एक स्वच्छ, सुंदर और स्वस्थ शहर बनाने का लक्ष्य रखा गया है। आने वाले दिनों में यह अभियान और तेज किया जाएगा, ताकि राजधानी की पहचान एक साफ-सुथरे और अनुशासित शहर के रूप में स्थापित हो सके।

Nishkarsh Bharat

पटना से भूमि आर्या की रिपोर्ट

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