जमुई में एंबुलेंस से 460 केन बीयर बरामद, 2 तस्कर गिरफ्तार

जमुई

जमुई में एंबुलेंस के बेड के नीचे छिपी 460 केन बीयर मिली

निष्कर्ष भारत, संवाददाता (जमुई)। जमुई में उत्पाद विभाग ने शराब तस्करी के एक अनोखे मामले का खुलासा किया है। गिद्धौर थाना क्षेत्र के बानाडीह इलाके के पास रविवार को जांच के दौरान एक प्राइवेट एंबुलेंस से 460 केन बीयर बरामद की गई। बरामद बीयर की मात्रा करीब 230 लीटर बताई गई है। तस्करों ने शराब को सामान्य तरीके से वाहन में रखने के बजाय एंबुलेंस के बेड के नीचे बनाए गए एक विशेष बॉक्स में छिपा रखा था। कार्रवाई के दौरान उत्पाद विभाग ने एंबुलेंस को जब्त करते हुए दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है।

जमुई में वाहन जांच के दौरान पकड़ी गई एंबुलेंस

उत्पाद विभाग के अधिकारियों के अनुसार, टीम को सूचना मिली थी कि झारखंड की ओर से जमुई के रास्ते अवैध शराब की खेप ले जाई जा रही है। सूचना मिलने के बाद उत्पाद थाना प्रभारी गौरी शंकर कुमार के नेतृत्व में टीम ने गिद्धौर इलाके में वाहनों की जांच शुरू की। इस दौरान आने-जाने वाले वाहनों पर नजर रखी जा रही थी।

जांच के क्रम में टीम की नजर एक प्राइवेट एंबुलेंस पर पड़ी। एंबुलेंस को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन चालक ने टीम को देखकर वाहन लेकर भागने की कोशिश की। इसके बाद उत्पाद विभाग की टीम ने पीछा कर एंबुलेंस को रोक लिया। वाहन की तलाशी शुरू की गई तो शुरुआत में शराब दिखाई नहीं दी। इसके बाद अधिकारियों ने एंबुलेंस के अंदर बने अलग-अलग हिस्सों की बारीकी से जांच की।

बेड के नीचे बने बॉक्स में छिपाई थी बीयर

तलाशी के दौरान एंबुलेंस के बेड के नीचे एक विशेष बॉक्स मिला। बॉक्स को खोलकर देखा गया तो उसमें बीयर के केन भरे हुए थे। गिनती करने पर कुल 460 केन बीयर बरामद हुई। अधिकारियों के मुताबिक बरामद बीयर की कुल मात्रा करीब 230 लीटर है।

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शराब छिपाने के लिए एंबुलेंस के अंदर जिस तरह से जगह बनाई गई थी, उससे साफ है कि खेप को सामान्य जांच से बचाने की कोशिश की गई थी। एंबुलेंस जैसे वाहन का इस्तेमाल किए जाने के कारण भी तस्करों को यह उम्मीद रही होगी कि जांच के दौरान वाहन पर ज्यादा संदेह नहीं किया जाएगा। हालांकि, सूचना के आधार पर की जा रही जांच में उत्पाद विभाग की टीम ने वाहन को रोककर तस्करी की खेप पकड़ ली।

जमुई से लखीसराय ले जाई जा रही थी बीयर की खेप

गिरफ्तार आरोपितों की पहचान लखीसराय जिले के पिपरिया बाजार थाना क्षेत्र के चौरा राजपुर गांव निवासी सौरभ कुमार और रामायणपुर गांव निवासी सत्यम कुमार के रूप में हुई है। सौरभ कुमार पप्पू सिंह का बेटा है, जबकि सत्यम कुमार बलराम शर्मा का पुत्र बताया गया है।

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पूछताछ में दोनों आरोपितों ने उत्पाद विभाग को बताया कि बीयर की यह खेप झारखंड के सत्संग मोड़, जसीडीह से लखीसराय जिले के पिपरिया ले जाई जा रही थी। हालांकि, विभाग अब इस बात की जांच कर रहा है कि इतनी बड़ी मात्रा में बीयर किसके लिए मंगाई गई थी और इसके पीछे कौन लोग हैं।

तस्करी के नेटवर्क की जांच में जुटा विभाग

जमुई उत्पाद अधीक्षक सुभाष कुमार ने बताया कि विभाग को झारखंड से जमुई के रास्ते अवैध शराब ले जाने की सूचना प्राप्त हुई थी। इसके बाद गिद्धौर क्षेत्र में वाहनों की जांच कराई गई। इसी क्रम में एंबुलेंस को पकड़कर उसमें छिपाई गई बीयर बरामद की गई।

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अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार दोनों आरोपितों से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ के आधार पर शराब तस्करी से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। विभाग यह भी पता लगाने में जुटा है कि खेप कहां से खरीदी गई थी, इसके लिए किसने पैसे दिए और इसे लखीसराय में किस व्यक्ति तक पहुंचाया जाना था।

जमुई में आगे भी जारी रहेगा वाहन जांच अभियान

उत्पाद विभाग ने बरामद बीयर के साथ एंबुलेंस को भी जब्त कर लिया है। वाहन की गहन जांच की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसमें शराब छिपाने के लिए किस तरह का बदलाव किया गया था। अधिकारियों के अनुसार, मामले में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इस कार्रवाई के बाद उत्पाद विभाग ने स्पष्ट किया है कि शराब तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे वाहनों और तस्करी के बदलते तरीकों पर लगातार नजर रखी जाएगी। खासकर झारखंड से बिहार आने वाले मार्गों पर वाहनों की जांच को और प्रभावी बनाने की कोशिश की जा रही है।

जमुई में एंबुलेंस में शराब छिपाने का तरीका सामने आने के बाद जांच एजेंसियों के लिए भी यह मामला महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विभाग अब यह देख रहा है कि कहीं इस तरह के वाहनों का इस्तेमाल किसी बड़े तस्करी नेटवर्क में तो नहीं किया जा रहा। गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ के बाद मामले में और खुलासे होने की संभावना है।

Nishkarsh Bharat

अमन कुमार की रिपोर्ट