आशा भोसले अस्पताल में भर्ती: थकान और छाती में संक्रमण की शिकायत, परिवार ने कहा—जल्द ठीक होंगी दिग्गज गायिका
मुंबई से एक चिंताजनक लेकिन राहत भरी खबर सामने आई है। बॉलीवुड की दिग्गज पार्श्व गायिका आशा भोसले को शनिवार शाम मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
मुंबई से एक चिंताजनक लेकिन राहत भरी खबर सामने आई है। बॉलीवुड की दिग्गज पार्श्व गायिका आशा भोसले को शनिवार शाम मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया। शुरुआती खबरों में हार्ट अटैक की आशंका जताई जा रही थी, लेकिन परिवार ने इन खबरों को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि उन्हें अत्यधिक थकान और छाती में संक्रमण (चेस्ट इन्फेक्शन) की समस्या के चलते अस्पताल में एडमिट कराया गया है।

आशा भोसले की पोती जनाई भोसले ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए उनकी सेहत को लेकर अपडेट साझा किया। उन्होंने लिखा कि उनकी दादी को काफी थकान और छाती में इन्फेक्शन की शिकायत है, फिलहाल उनका इलाज चल रहा है और डॉक्टरों की निगरानी में उनकी हालत स्थिर है। परिवार को उम्मीद है कि वे जल्द ही स्वस्थ होकर घर लौटेंगी।
12,000 से ज्यादा गानों की विरासत
आशा भोसले भारतीय संगीत जगत का एक ऐसा नाम हैं, जिन्होंने अपने करियर में 12,000 से अधिक गाने गाकर एक अद्भुत रिकॉर्ड बनाया है। उनके गाए गाने जैसे “दम मारो दम”, “पिया तू अब तो आजा” और “चुरा लिया है तुमने” आज भी हर पीढ़ी के बीच लोकप्रिय हैं। उनकी आवाज की खासियत यह रही है कि उन्होंने हर तरह के गीत—ग़ज़ल, पॉप, कैबरे और शास्त्रीय—में अपनी अलग पहचान बनाई।

वे महान गायिका लता मंगेशकर की छोटी बहन हैं और मशहूर संगीतकार व रंगकर्मी दीनानाथ मंगेशकर की बेटी हैं। मात्र 9 साल की उम्र में पिता के निधन के बाद उन्होंने अपनी बहन के साथ मिलकर परिवार की जिम्मेदारी संभाली और गायन को ही अपना पेशा बना लिया।
संघर्षों से भरा निजी जीवन
आशा भोसले का निजी जीवन भी काफी उतार-चढ़ाव से भरा रहा है। महज 16 साल की उम्र में उन्होंने परिवार की मर्जी के खिलाफ अपने से काफी बड़े गणपतराव भोसले से शादी कर ली थी। इस शादी का परिवार, खासकर लता मंगेशकर ने विरोध किया, जिसके चलते लंबे समय तक दोनों बहनों के बीच बातचीत बंद रही।
शादी के बाद आशा भोसले को कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा और वे घरेलू हिंसा की शिकार भी हुईं। हालात इतने खराब हो गए कि वे मानसिक रूप से बेहद टूट गईं। अंततः 1960 में उन्होंने अपने पहले पति से अलग होने का फैसला लिया और अपने तीन बच्चों के साथ वापस मायके लौट आईं। इसके बाद धीरे-धीरे परिवार के साथ उनके रिश्ते सुधरने लगे।
आरडी बर्मन से प्रेम और विवाह
आशा भोसले के जीवन में एक नया अध्याय तब शुरू हुआ जब उनकी मुलाकात मशहूर संगीतकार आरडी बर्मन से हुई। दोनों की पहली मुलाकात 1956 में हुई थी, लेकिन उनका पेशेवर और व्यक्तिगत रिश्ता फिल्म तीसरी मंजिल (1966) के दौरान गहरा हुआ। साथ काम करते-करते दोनों के बीच दोस्ती और फिर प्यार पनपने लगा।

हालांकि, इस रिश्ते को भी कई बाधाओं का सामना करना पड़ा। आरडी बर्मन की मां इस शादी के खिलाफ थीं और उन्होंने कड़ा विरोध जताया था। लेकिन समय के साथ परिस्थितियां बदलीं और 1980 में दोनों ने शादी कर ली। यह जोड़ी हिंदी फिल्म संगीत के इतिहास की सबसे सफल और यादगार जोड़ियों में गिनी जाती है।
करियर की शुरुआत में मिला था रिजेक्शन
आज जिनकी आवाज को संगीत की दुनिया में बेमिसाल माना जाता है, उन्हें करियर की शुरुआत में अस्वीकृति का सामना भी करना पड़ा था। आशा भोसले ने एक इंटरव्यू में बताया था कि 1947 में वे किशोर कुमार के साथ एक स्टूडियो में गाना रिकॉर्ड करने गई थीं, लेकिन वहां के साउंड रिकॉर्डिस्ट ने उनकी आवाज को “रिकॉर्डिंग के लायक नहीं” बताते हुए उन्हें बाहर जाने के लिए कह दिया था।
यह घटना उनके लिए झटका जरूर थी, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और अपने टैलेंट और मेहनत के दम पर इंडस्ट्री में एक अलग मुकाम हासिल किया।
फैंस कर रहे जल्द स्वस्थ होने की कामना
आशा भोसले के अस्पताल में भर्ती होने की खबर से उनके फैंस और संगीत प्रेमियों में चिंता की लहर है। सोशल मीडिया पर लोग उनके जल्द स्वस्थ होने की दुआ कर रहे हैं। भारतीय संगीत जगत में उनका योगदान अतुलनीय है और उनके बिना यह इंडस्ट्री अधूरी मानी जाती है।
फिलहाल डॉक्टरों की टीम उनकी सेहत पर नजर बनाए हुए है और परिवार ने सकारात्मक संकेत दिए हैं। उम्मीद है कि यह सुरों की मलिका जल्द ही पूरी तरह स्वस्थ होकर अपने प्रशंसकों के बीच लौटेंगी।
पटना से भूमि आर्या की रिपोर्ट
