खान सर के अस्पताल को मिला बड़ा नोटिस….ये काम नहीं हुआ, बड़ी कार्रवाई के मूड में बिहार सरकार, पढ़े पूरी रिपोर्ट
खान सर के अस्पताल को मिला बड़ा नोटिस
निष्कर्ष भारत संवाददाता। खान सर के पटना में पीरबहोर थाना क्षेत्र में एनी बेसेंट रोड स्थित खान हेल्थ अस्पताल को लेकर अग्निशमन विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। विभाग अब अस्पताल प्रबंधन को H1 नोटिस जारी करने की तैयारी में है। आम तौर पर यह नोटिस किसी भवन या संस्थान को सील करने जैसी आगे की कार्रवाई से पहले स्पष्टीकरण और अनुपालन के लिए दिया जाता है। इससे पहले अग्निशमन विभाग की ओर से अस्पताल को E1 और G1 श्रेणी के नोटिस दिए जा चुके हैं, लेकिन विभाग के मुताबिक अब तक सभी जरूरी अग्निसुरक्षा मानकों का पूरी तरह अनुपालन नहीं किया गया है।
अस्पताल से जुड़े मामले में अग्निशमन विभाग की कार्रवाई ऐसे समय में सामने आई है, जब पटना में अस्पताल, कोचिंग संस्थानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में आग से सुरक्षा को लेकर जांच अभियान चल रहा है। विभाग का कहना है कि किसी भी संस्थान को निर्धारित अग्निसुरक्षा मानकों की अनदेखी करके संचालित करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
खान अस्पताल का 25 मई को हुआ था अग्नि सुरक्षा ऑडिट
खान हेल्थ, जो खान फाउंडेशन की इकाई है, का अग्नि सुरक्षा ऑडिट 25 मई को किया गया था। यह जांच तत्कालीन अनुमंडल अग्निशमन पदाधिकारी इंद्रजीत कुमार की ओर से की गई थी। जांच के दौरान भवन में निर्माण कार्य भी जारी पाया गया था।
अग्निशमन विभाग की ओर से भवन की स्थिति और उपलब्ध सुरक्षा व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया। जांच में सामने आए बिंदुओं के आधार पर अस्पताल प्रबंधन को आवश्यक सुधार और अग्निसुरक्षा संबंधी व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बाद E1 और G1 नोटिस जारी किए गए, लेकिन विभाग का कहना है कि अभी भी सभी आवश्यक मानकों को पूरा नहीं किया गया है।
खान अस्पताल में भवन नियमों के अनुपालन पर उठे सवाल
अग्निशमन विभाग के अनुसार, भवन निर्माण नियमों के तहत निर्धारित प्रक्रिया पूरी किए बिना किसी भवन में अस्पताल या अन्य संस्थान का संचालन शुरू नहीं किया जा सकता। खास तौर पर वर्ष 2021 के बाद निर्मित भवनों में किसी संस्थान या प्रतिष्ठान को संचालित करने से पहले अग्निशमन विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र लेना अनिवार्य है।

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विभाग का आरोप है कि खान हेल्थ अस्पताल के मामले में पहले संचालन शुरू हो गया और बाद में अग्निसुरक्षा मानकों का अनुपालन कराने की प्रक्रिया शुरू की गई। फिलहाल अस्पताल को अग्निशमन विभाग की ओर से अनापत्ति प्रमाणपत्र नहीं मिला है। इसके बावजूद अस्पताल का संचालन जारी रहने को लेकर विभाग ने आपत्ति जताई है।
खान संस्थानों को अग्निशमन विभाग से NOC का इंतजार
खान से जुड़े केवल अस्पताल की ही बात नहीं है। अग्निशमन विभाग के अनुसार, खान ग्लोबल स्टडीज के मुसल्लहपुर और बोरिंग रोड चौराहे स्थित संस्थानों के अलावा खान हेल्थ को भी अभी तक अग्निशमन विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र नहीं मिला है।
हालांकि, मुसल्लहपुर स्थित खान ग्लोबल स्टडीज की ओर से संस्थान में अग्निसुरक्षा से जुड़े सभी आवश्यक अनुपालन पूरे करने का दावा किया गया है। विभाग की ओर से इन दावों और व्यवस्थाओं की जांच की जा रही है।

बोरिंग रोड क्षेत्र में संचालित कोचिंग संस्थानों को लेकर खान ग्लोबल स्टडीज की ओर से एक साथ अनापत्ति प्रमाणपत्र के लिए आवेदन किया गया था। अग्निशमन विभाग ने इस आवेदन को वापस कर दिया। विभाग ने स्पष्ट किया कि प्रत्येक भवन और संस्थान के लिए अलग-अलग अनापत्ति प्रमाणपत्र लेना होगा। इसके लिए पहले संबंधित भवन और संस्थान की जांच की जाएगी।
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खान से जुड़े संस्थानों के साथ दूसरे संस्थानों पर भी कार्रवाई
अग्निशमन विभाग केवल खान से जुड़े संस्थानों की ही जांच नहीं कर रहा है। पटना के अलग-अलग इलाकों में संचालित कोचिंग संस्थानों, अस्पतालों और अन्य प्रतिष्ठानों में अग्निसुरक्षा व्यवस्था की जांच की जा रही है। विभाग का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी संस्थान में आग लगने जैसी आपात स्थिति आने पर लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने की पर्याप्त व्यवस्था हो।
इसी जांच के दौरान मुसल्लहपुर इलाके में ज्ञान बिंदु जीएस अकादमी में भी अग्निसुरक्षा मानकों में कमी सामने आई है। संस्थान के व्यवस्थापक को आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
खान इलाके की तरह अन्य संस्थानों को भी नोटिस
ज्ञान बिंदु जीएस अकादमी को अग्निसुरक्षा से जुड़ी कई व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के लिए कहा गया है। इनमें अग्निशमन नली रील, नीचे तक पानी पहुंचाने वाली प्रणाली, चेतावनी प्रणाली और छत पर 10 हजार लीटर क्षमता का पानी का टैंक लगाने जैसी व्यवस्थाएं शामिल हैं।
अग्निशमन विभाग का कहना है कि नोटिस देने का उद्देश्य संस्थानों को सुरक्षा मानकों के अनुरूप बनाना है। विभाग यह भी देख रहा है कि नोटिस मिलने के बाद संस्थान प्रबंधन की ओर से कितने सुधार किए गए हैं।
खान अस्पताल पर H1 नोटिस के बाद क्या होगी प्रक्रिया?
अग्निशमन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, जिन संस्थानों को E1 और G1 नोटिस दिए गए हैं, उन्हें निर्धारित कमियों को दूर करने का अवसर दिया जा रहा है। अगर नोटिस के बावजूद अग्निसुरक्षा से जुड़ी कमियां दूर नहीं की जाती हैं, तो H1 नोटिस जारी कर आगे की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
H1 नोटिस को कार्रवाई की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इसके बाद संस्थान को नियमों के अनुपालन के संबंध में अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाता है। यदि सुरक्षा मानकों का पालन नहीं होता है तो विभाग नियमानुसार आगे की कार्रवाई कर सकता है।
अग्निशमन विभाग के डीआईजी मनोज कुमार नट ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाले संस्थानों के खिलाफ किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विभाग की ओर से सभी लापरवाही बरतने वाले संस्थानों को नोटिस दिए जा रहे हैं और उनके अनुपालन की स्थिति की जांच की जा रही है।
खान समेत ज्यादातर संस्थानों ने शुरू किया अनुपालन
अग्निशमन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि नोटिस मिलने के बाद ज्यादातर संस्थानों ने सुरक्षा मानकों को पूरा करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। कई संस्थानों में आवश्यक उपकरण लगाने और मौजूदा व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने का काम किया जा रहा है।
विभाग की प्राथमिकता किसी संस्थान को बंद करना नहीं, बल्कि वहां मौजूद लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। हालांकि, अगर कोई संस्थान बार-बार निर्देश के बावजूद अग्निसुरक्षा मानकों को पूरा नहीं करता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
खान अस्पताल मामले में अब जांच रिपोर्ट पर नजर
खान हेल्थ अस्पताल को लेकर अब अग्निशमन विभाग की अगली कार्रवाई पर नजर है। 25 मई को हुए अग्नि सुरक्षा ऑडिट के बाद दिए गए नोटिस के बावजूद अगर कमियां पूरी तरह दूर नहीं हुई हैं, तो H1 नोटिस जारी किया जा सकता है। इसके बाद अस्पताल प्रबंधन को विभाग के सामने अपना पक्ष और अनुपालन की स्थिति स्पष्ट करनी होगी।
फिलहाल विभाग अस्पताल सहित खान से जुड़े अन्य संस्थानों में अग्निसुरक्षा व्यवस्था की स्थिति पर नजर रख रहा है। साथ ही पटना के दूसरे संस्थानों की भी जांच जारी है। अग्निशमन विभाग का सख्त रुख यह संकेत दे रहा है कि भवन निर्माण नियमों और अग्निसुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाले संस्थानों को आगे राहत मिलना आसान नहीं होगा।
इस पूरे मामले में अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि खान हेल्थ अस्पताल और खान से जुड़े अन्य संस्थान अग्निशमन विभाग की ओर से बताए गए मानकों को कितनी जल्दी पूरा करते हैं और H1 नोटिस की नौबत आने से पहले आवश्यक अनुपालन पूरा किया जाता है या नहीं?????
पटना से राजकुमार सिंह की रिपोर्ट
