पटना नगर निगम की दशहरा तैयारी, सुपर सकर से हटेगा जलजमाव, अतिक्रमण पर फोकस

पटना

पटना नगर निगम की दशहरा तैयारी तेज, सुपर सकर से हटेगा जलजमाव

निष्कर्ष भारत, संवाददाता ( पटना)। राजधानी पटना के गांधी मैदान में दशहरा और रामलीला महोत्सव को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। त्योहार के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और दर्शकों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पटना नगर निगम ने सफाई, जलनिकासी, पेयजल, रोशनी और अतिक्रमण हटाने की व्यवस्था पर विशेष ध्यान देना शुरू कर दिया है। नगर निगम की कोशिश है कि महोत्सव के दौरान लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े और बारिश होने की स्थिति में भी मैदान में जलजमाव की समस्या जल्द दूर की जा सके।

पटना के गांधी मैदान में 11 से 14 अक्टूबर तक दशहरा महोत्सव और 11 से 21 अक्टूबर तक रामलीला महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। इन कार्यक्रमों में भीड़ को देखते हुए नगर निगम के अधिकारियों और संबंधित कर्मचारियों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं। खास तौर पर आयोजन स्थल की सफाई, प्रवेश और निकास मार्गों को सुगम बनाने तथा बारिश के बाद जमा पानी की निकासी पर जोर दिया जा रहा है।

पटना नगर निगम की दशहरा को लेकर विशेष तैयारी

पटना में दशहरा और रामलीला के दौरान गांधी मैदान में लोगों की आवाजाही बढ़ने के कारण नागरिक सुविधाओं को दुरुस्त रखना नगर निगम के लिए महत्वपूर्ण चुनौती होगी। इसी को ध्यान में रखते हुए नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने अधिकारियों को आयोजन शुरू होने से पहले मैदान की विशेष सफाई और डीप क्लीनिंग कराने का निर्देश दिया है।

निष्पक्ष ख़बर देखिये हमारे यूट्यूब चैनल पर: जन सुराज का शक्ति प्रदर्शन:Dr. Rajnish Ranjan के नामांकन में पहुंचे PK, कोसी सीट पर बदला चुनावी गणित

इस अभियान के तहत मैदान के भीतर और आसपास जमा कचरे को हटाने, घास और झाड़ियों की कटाई करने तथा परिसर को साफ-सुथरा रखने पर ध्यान दिया जाएगा। आवश्यकता के अनुसार पानी का छिड़काव भी कराया जाएगा, ताकि धूल से लोगों को परेशानी न हो। इसके साथ ही मच्छरों के प्रजनन पर नियंत्रण के लिए फॉगिंग और एंटी लार्वा छिड़काव की व्यवस्था भी की जाएगी।

पटना नगर निगम का उद्देश्य केवल आयोजन स्थल को साफ रखना नहीं, बल्कि पूरे परिसर में ऐसा वातावरण तैयार करना है, जहां परिवार के साथ आने वाले लोगों को सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल मिल सके।

गांधी मैदान में अतिक्रमण हटाने पर नगर निगम का फोकस

महोत्सव के दौरान गांधी मैदान के अंदर और बाहरी हिस्सों में अतिक्रमण की समस्या भी प्रशासन की निगरानी में रहेगी। नगर निगम ने संबंधित अधिकारियों को आयोजन स्थल और उसके आसपास से अतिक्रमण हटाने तथा कार्यक्रम के दौरान दोबारा अतिक्रमण नहीं होने देने का निर्देश दिया है।

इसे भी पढ़ें : प्रदेश में मानसून की विदाई से पहले मौसम का यू-टर्न, 10 जिलों में होगी बारिश, अलर्ट जारी

अतिक्रमण के कारण प्रवेश और निकास मार्गों पर भीड़ बढ़ने तथा लोगों की आवाजाही प्रभावित होने की आशंका रहती है। ऐसे में रास्तों को खाली रखना आयोजन प्रबंधन का अहम हिस्सा होगा। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि प्रवेश द्वारों और निकास मार्गों पर विशेष निगरानी रखी जाए, ताकि दर्शकों और श्रद्धालुओं को आने-जाने में परेशानी न हो।

भीड़भाड़ वाले आयोजनों में रास्तों का सुगम रहना सुरक्षा की दृष्टि से भी जरूरी है। इसलिए अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के साथ यह देखना भी महत्वपूर्ण होगा कि कार्यक्रम के दौरान रास्तों पर फिर से अवरोध पैदा न हो।

बारिश हुई तो सुपर सकर से हटेगा जलजमाव

पटना में बारिश के बाद सड़कों और खुले मैदानों में पानी जमा होने की समस्या सामने आती रही है। गांधी मैदान में दशहरा महोत्सव के दौरान मौसम खराब होने की स्थिति को देखते हुए पटना नगर निगम ने जलनिकासी की व्यवस्था को प्राथमिकता दी है।

पटना नगर निगम ने जलजमाव की आशंका वाले स्थानों को चिह्नित कर पहले से तैयारी रखने के निर्देश दिए हैं। सुपर सकर मशीन, पंप सेट और अन्य जलनिकासी उपकरणों को तैयार अवस्था में रखा जाएगा, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत इस्तेमाल किया जा सके।

खबरें हमारे फेसबुक पर भी, लगातार खबरों के लिए फेसबुक से जुड़े

पटना में बारिश होने पर संबंधित टीमों को तत्काल मौके पर पहुंचकर पानी निकालने का काम शुरू करना होगा। इसके लिए कर्मचारियों को अलर्ट मोड में रहने का निर्देश दिया गया है। मैदान में जमा पानी की निकासी के लिए पंप और सुपर सकर मशीनों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

सुपर सकर मशीन जलनिकासी के लिए इस्तेमाल होने वाला उपकरण है, जो उपयुक्त परिस्थितियों में जमा पानी को तेजी से निकालने में मदद करता है। हालांकि, जलजमाव दूर करने की वास्तविक गति पानी की मात्रा, निकासी स्थल और मशीन की उपलब्धता पर भी निर्भर करेगी। ऐसे में समय पर कार्रवाई और उपकरणों की तत्परता महत्वपूर्ण होगी।

पेयजल और रोशनी की व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश

पटना में दशहरा और रामलीला महोत्सव में आने वाले लोगों के लिए पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराना भी नगर निगम की तैयारियों का हिस्सा है। भीड़ के दौरान पेयजल की कमी होने पर लोगों को परेशानी हो सकती है। इसलिए अधिकारियों को मैदान में पर्याप्त पेयजल की व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।

इसके साथ ही परिसर में लगे हाईमास्ट लाइटों की जांच कर उन्हें पूरी तरह चालू रखने को कहा गया है। जरूरत पड़ने पर प्रकाश व्यवस्था से जुड़े उपकरणों की मरम्मत भी कराई जाएगी। शाम और रात में होने वाले कार्यक्रमों के दौरान पर्याप्त रोशनी से लोगों की आवाजाही आसान बनाने में मदद मिलेगी।

आयोजन स्थल पर सफाई, पेयजल और रोशनी जैसी बुनियादी सुविधाओं की नियमित निगरानी जरूरी होगी। नगर निगम की संबंधित टीमें इन व्यवस्थाओं पर नजर रखेंगी, ताकि कार्यक्रम के दौरान किसी तरह की कमी सामने आने पर समय रहते कार्रवाई की जा सके।

आवारा श्वानों की समस्या पर भी रहेगी नजर

गांधी मैदान में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने के दौरान आवारा श्वानों की मौजूदगी भी चिंता का विषय बन सकती है। इसे देखते हुए नगर आयुक्त ने पशु चिकित्सा पदाधिकारी को आयोजन अवधि में आवश्यक कार्रवाई करने और मैदान परिसर में आवारा श्वानों की समस्या नियंत्रित रखने का निर्देश दिया है।

भीड़भाड़ वाले स्थानों पर बच्चों, बुजुर्गों और परिवारों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इस व्यवस्था पर निगरानी रखना जरूरी होगा। नगर निगम की संबंधित टीम को आयोजन के दौरान स्थिति पर नजर रखनी होगी, ताकि किसी अप्रिय घटना की आशंका को कम किया जा सके।

दशहरा महोत्सव में नगर निगम के सामने क्या होगी चुनौती?

गांधी मैदान में दशहरा और रामलीला महोत्सव के सफल आयोजन के लिए केवल शुरुआती तैयारियां पर्याप्त नहीं होंगी। कार्यक्रम की पूरी अवधि में सफाई, जलनिकासी, प्रकाश, पेयजल और अतिक्रमण नियंत्रण की व्यवस्था बनाए रखना भी जरूरी होगा।

बारिश होने पर जलजमाव को समय रहते दूर करना, भीड़ के दबाव के बीच रास्तों को सुगम रखना और नागरिक सुविधाओं की लगातार निगरानी करना नगर निगम के लिए प्रमुख जिम्मेदारियां होंगी। इसके लिए अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच बेहतर समन्वय भी महत्वपूर्ण रहेगा।

नगर निगम की सभी संबंधित टीमें आयोजन के दौरान सक्रिय रहेंगी। अब तैयारियों की वास्तविक परीक्षा महोत्सव के दिनों में होगी, जब बड़ी संख्या में लोग गांधी मैदान पहुंचेंगे। यदि सफाई, जलनिकासी और अन्य व्यवस्थाएं निर्देशों के अनुरूप संचालित होती हैं, तो श्रद्धालुओं और दर्शकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकती हैं।

Nishkarsh Bharat

राज कुमार की रिपोर्ट

You may have missed