‘कॉकरोच जनता पार्टी’ ने सोशल मीडिया पर मचाया धमाल, 5 दिन में करोड़ों फॉलोअर्स; CJI सूर्यकांत के बयान के विरोध से शुरू हुआ अभियान

कॉकरोच जनता पार्टी

देश की राजनीति और सोशल मीडिया में इन दिनों एक नए नाम की जबरदस्त चर्चा हो रही है — ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP)।

देश की राजनीति और सोशल मीडिया में इन दिनों एक नए नाम की जबरदस्त चर्चा हो रही है — ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP)। महज कुछ दिनों पहले शुरू हुई इस पार्टी ने सोशल मीडिया पर ऐसा धमाका किया है कि बड़े-बड़े राजनीतिक दल भी चर्चा में आ गए हैं। इंस्टाग्राम और X (पूर्व में ट्विटर) पर पार्टी के फॉलोअर्स तेजी से बढ़ रहे हैं। गुरुवार सुबह 9 बजे तक इंस्टाग्राम पर इसके 1.1 करोड़ से ज्यादा और X पर करीब 1 लाख 60 हजार फॉलोअर्स हो चुके हैं।

दिलचस्प बात यह है कि इंस्टाग्राम पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के लगभग 87 लाख और कांग्रेस के करीब 1.33 करोड़ फॉलोअर्स हैं। ऐसे में कॉकरोच जनता पार्टी का अचानक चर्चा में आना सोशल मीडिया की नई राजनीतिक ताकत के रूप में देखा जा रहा है।

CJI के बयान के विरोध से शुरू हुई ‘कॉकरोच जनता पार्टी’

कॉकरोच जनता पार्टी की शुरुआत महाराष्ट्र के अभिजीत दीपके ने की है। पार्टी का नारा है — “सेक्युलर, सोशलिस्ट, डेमोक्रेटिक, लेजी”। यह पार्टी सीधे तौर पर उस विवाद से जुड़ी है, जो हाल ही में भारत के चीफ जस्टिस (CJI) सूर्यकांत के कथित बयान को लेकर शुरू हुआ था।

दरअसल, 15 मई को कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि CJI सूर्यकांत ने एक मामले की सुनवाई के दौरान बेरोजगार युवाओं की तुलना “कॉकरोच” और “परजीवी” से की थी। इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर भारी नाराजगी देखने को मिली। हालांकि अगले ही दिन CJI ने सफाई देते हुए कहा कि उनकी टिप्पणी बेरोजगार युवाओं के लिए नहीं थी।

लेकिन तब तक सोशल मीडिया पर यह मुद्दा वायरल हो चुका था और इसी बीच अभिजीत दीपके ने ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ की शुरुआत कर दी।

एक दिन में 40 लाख से ज्यादा बढ़े फॉलोअर्स

सोशल मीडिया पर पार्टी को जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला। बताया जा रहा है कि लॉन्च के महज एक दिन के भीतर ही पार्टी के 40 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स बढ़ गए। युवाओं ने इसे बेरोजगारी, सिस्टम से नाराजगी और सोशल मीडिया व्यंग्य का नया प्लेटफॉर्म बना दिया।

पार्टी का लोगो भी जारी किया गया, जिसमें व्यंग्यात्मक अंदाज में खुद को “कॉकरोच” कहकर व्यवस्था के खिलाफ आवाज उठाने की बात कही गई है। सोशल मीडिया पर बड़ी संख्या में मीम्स, पोस्ट और वीडियो वायरल हो रहे हैं।

पार्टी सदस्य बनने के लिए रखी गईं 4 अनोखी योग्यताएं

कॉकरोच जनता पार्टी ने सदस्यता के लिए चार दिलचस्प शर्तें भी रखी हैं, जो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रही हैं।

सदस्यता की 4 योग्यताएं:

  • बेरोजगार होना
  • आलसी होना यानी “डले रहो, पड़े रहो”
  • ऑनलाइन रहने की लत होना
  • प्रोफेशनली भड़ास निकालने की क्षमता होना

इन शर्तों को लेकर सोशल मीडिया पर लोग मजाकिया अंदाज में खुद को पार्टी का “योग्य उम्मीदवार” बता रहे हैं।

पार्टी का मैनिफेस्टो भी हुआ जारी

कॉकरोच जनता पार्टी ने अपना मैनिफेस्टो भी जारी कर दिया है, जिसमें कई बड़े और विवादित वादे किए गए हैं।

CJP के 5 प्रमुख वादे:

  1. रिटायरमेंट के बाद किसी भी CJI को राज्यसभा में जगह नहीं दी जाएगी।
  2. वैध वोट डिलीट होने पर मुख्य चुनाव आयुक्त पर UAPA के तहत कार्रवाई की जाएगी।
  3. महिलाओं को संसद और कैबिनेट में 50% आरक्षण दिया जाएगा।
  4. अंबानी और अडाणी समूह से जुड़े मीडिया संस्थानों के लाइेंस रद्द करने की बात कही गई है।
  5. दलबदल करने वाले सांसदों और विधायकों पर 20 साल तक चुनाव लड़ने पर रोक लगाने का प्रस्ताव रखा गया है।

पार्टी के इन वादों को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी बहस भी शुरू हो गई है। कुछ लोग इसे युवाओं की नाराजगी का प्रतीक बता रहे हैं, तो कुछ इसे केवल व्यंग्य और डिजिटल आंदोलन मान रहे हैं।

कौन हैं अभिजीत दीपके?

कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके फिलहाल अमेरिका की बॉस्टन यूनिवर्सिटी में पब्लिक रिलेशन की पढ़ाई कर रहे हैं। वे 2020 से 2023 तक आम आदमी पार्टी (AAP) की सोशल मीडिया टीम में वॉलंटियर भी रह चुके हैं।

BBC को दिए इंटरव्यू में अभिजीत ने बताया कि उन्होंने सोशल मीडिया पर CJI का कथित बयान देखा था। इसके बाद उन्होंने X पर लिखा कि “अगर सारे कॉकरोच एक साथ आ जाएं तो क्या होगा?”।

अभिजीत के मुताबिक Gen Z और युवाओं ने इस विचार को हाथोंहाथ लिया और एक डिजिटल प्लेटफॉर्म बनाने की मांग शुरू कर दी। इसी के बाद कॉकरोच जनता पार्टी अस्तित्व में आई।

CJI सूर्यकांत ने दी सफाई

विवाद बढ़ने के बाद 16 मई को चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने अपने बयान पर सफाई दी। उन्होंने कहा कि उनकी टिप्पणी खास तौर पर उन लोगों के लिए थी, जो फर्जी डिग्रियों और गलत तरीकों से प्रतिष्ठित पेशों में घुस आए हैं।

CJI ने कहा कि उनका उद्देश्य बेरोजगार युवाओं का अपमान करना नहीं था। उन्होंने यह भी कहा कि मीडिया और सोशल मीडिया पर उनकी टिप्पणी को गलत तरीके से पेश किया गया।

सोशल मीडिया राजनीति का नया चेहरा?

कॉकरोच जनता पार्टी का उभार इस बात का संकेत माना जा रहा है कि अब सोशल मीडिया केवल मनोरंजन का मंच नहीं रह गया है। युवा वर्ग व्यंग्य, मीम्स और डिजिटल कैंपेन के जरिए अपनी नाराजगी और राजनीतिक सोच को खुलकर सामने ला रहा है।

हालांकि यह देखना दिलचस्प होगा कि यह पार्टी केवल इंटरनेट ट्रेंड बनकर रह जाती है या भविष्य में किसी बड़े सामाजिक-राजनीतिक आंदोलन का रूप लेती है।

Nishkarsh Bharat

पटना से भूमि आर्या की रिपोर्ट

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