औरंगाबाद में नाबालिग से दुष्कर्म का आरोप, नशीला पदार्थ देकर बनाया वीडियो; ब्लैकमेलिंग के मामले में आरोपी फरार

औरंगाबाद

औरंगाबाद में नाबालिग से दुष्कर्म का आरोप, नशीला पदार्थ

निष्कर्ष भारत संवाददाता औरंगाबाद: बिहार के औरंगाबाद जिले से नाबालिग लड़की से दुष्कर्म और उसके बाद वीडियो व तस्वीरों के जरिए ब्लैकमेल करने का गंभीर मामला सामने आया है। घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र के एक गांव की बताई जा रही है। मामले में नाबालिग की मां के बयान पर गांव के ही रौशन प्रजापति के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद आरोपी फरार बताया जा रहा है। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।

पुलिस के मुताबिक, मामले की जांच शुरू कर दी गई है।औरंगाबाद नाबालिग की मेडिकल जांच कराने की प्रक्रिया भी शुरू की गई है। पुलिस घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।

मिठाई में नशीला पदार्थ मिलाकर बेहोश करने का आरोप

प्राथमिकी में नाबालिग की मां ने आरोप लगाया है कि घटना के दिन वह अपनी सास यानी नाबालिग की दादी के साथ औरंगाबादऔरंगाबाद बाजार गई थीं। उस समय घर में नाबालिग अकेली थी। आरोप है कि इसी दौरान रौशन प्रजापति घर पहुंचा और नाबालिग को मिठाई में नशीला पदार्थ मिलाकर खिला दिया।

परिजनों के आरोप के अनुसार, नशीला पदार्थ खाने के बाद नाबालिग बेहोश हो गई। इसके बाद आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया। आरोप यह भी है कि आरोपी ने पूरी घटना का वीडियो बनाया और नाबालिग की तस्वीरें भी खींचीं।

हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस ने प्राथमिकी के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है।

वीडियो और तस्वीरें भेजकर ब्लैकमेल करने का आरोप

मामले में केवल दुष्कर्म का ही आरोप नहीं लगाया गया है, बल्कि वीडियो और तस्वीरों के जरिए नाबालिग को धमकाने और ब्लैकमेल करने की बात भी सामने आई है।

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नाबालिग की मां के अनुसार, आरोपी ने कथित घटना का वीडियो और तस्वीरें बाद में नाबालिग को दिखाईं। आरोप है कि उसने ये तस्वीरें और वीडियो नाबालिग के मोबाइल फोन पर भी भेजे। इसके बाद उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर नाबालिग पर दबाव बनाया गया।

परिजनों का आरोप है कि आरोपी लगातार नाबालिग को डराता-धमकाता रहा। मामला सामने आने के बाद परिवार ने पुलिस से शिकायत की और आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई।

करीब 10 दिनों से बना रहा था दबाव

प्राथमिकी में नाबालिग की मां ने यह भी आरोप लगाया है कि आरोपी पिछले करीब 10 दिनों से उनकी बेटी पर रात में अपने घर आने के लिए दबाव बना रहा था।

परिजनों के मुताबिक, आरोपी ने नाबालिग को कथित तौर पर पैसों का लालच भी दिया था। आरोप है कि उसने एक व्यक्ति से एक रात के लिए दो लाख रुपये दिलाने की बात कही थी। नाबालिग ने जब आरोपी की बात मानने से इनकार किया तो कथित तौर पर उसने वीडियो और तस्वीरें वायरल करने की धमकी दी।

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बाद में जब नाबालिग ने अपने परिजनों को पूरी घटना की जानकारी दी तो परिवार के लोगों ने आरोपी से पूछताछ करने का फैसला किया।

आरोपी के घर पहुंचा परिवार, धमकी देने का आरोप

सोमवार को नाबालिग के परिजन औरंगाबाद आरोपी के घर पहुंचे और घटना को लेकर उससे पूछताछ की। प्राथमिकी में आरोप लगाया गया है कि इस दौरान परिवार के लोगों को धमकी दी गई।

इसके बाद नाबालिग की मां मुफस्सिल थाना पहुंचीं और रौशन प्रजापति के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी।

पुलिस का कहना है कि प्राथमिकी दर्ज होने के बाद से औरंगाबाद आरोपी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।

पुलिस ने शुरू की जांच, मेडिकल जांच की प्रक्रिया

मुफस्सिल थाना पुलिस के अनुसार,औरंगाबाद मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। नाबालिग की मेडिकल जांच कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। पुलिस घटना से जुड़े साक्ष्यों और आरोपों की जांच कर रही है।

थानाध्यक्ष ने बताया कि शुरुआती जांच में नाबालिग और आरोपी के बीच पहले से परिचय होने की बात सामने आई है। पुलिस ने दोनों के बीच कथित प्रेम संबंध की संभावना की भी जांच शुरू की है। हालांकि, नाबालिग की उम्र को देखते हुए मामले में संबंधित कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान सामने औरंगाबाद आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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वीडियो वायरल करने की धमकी की भी होगी जांच

इस मामले में पुलिस के सामने एक अहम पहलू कथित औरंगाबाद वीडियो और तस्वीरों का है। पुलिस यह भी जांच करेगी कि वीडियो और तस्वीरें किस परिस्थिति में बनाई गईं और क्या उन्हें सोशल मीडिया या किसी अन्य माध्यम से प्रसारित किया गया है।

नाबालिग से जुड़े संवेदनशील मामलों में उसकी पहचान सार्वजनिक करना या कथित आपत्तिजनक वीडियो-तस्वीरों को शेयर करना कानूनी रूप से गंभीर विषय हो सकता है। इसलिए ऐसे किसी भी कंटेंट को सोशल मीडिया पर साझा करने से बचना जरूरी है।

आरोपी की गिरफ्तारी के बाद सामने आएगी आगे की तस्वीर

फिलहाल आरोपी फरार बताया जा रहा है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस पूछताछ और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच को आगे बढ़ाएगी।

औरंगाबाद के इस मामले में पुलिस की जांच अब आरोपों की औरंगाबाद पुष्टि, मेडिकल रिपोर्ट, डिजिटल साक्ष्यों और दोनों पक्षों से जुड़े तथ्यों पर केंद्रित रहेगी। फिलहाल प्राथमिकी में लगाए गए आरोपों की न्यायिक पुष्टि नहीं हुई है और मामले में अंतिम निष्कर्ष जांच तथा कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।

Nishkarsh Bharat

पटना से कीमती कुमारी का रिपोर्ट

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