पटना में 10 लाख के अवैध पटाखे जब्त, 70 कार्टन बरामद, एक गिरफ्तार
पटना में 70 कार्टन अवैध पटाखे जब्त, कीमत 10 लाख रुपये; एक गिरफ्तार
निष्कर्ष भारत, संवाददाता (पटना)। दीपावली से पहले पटना में अवैध पटाखों के भंडारण और बिक्री के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। इसी अभियान के तहत खाजेकलां थाना क्षेत्र के टेढ़ी घाट में शुक्रवार देर रात छापेमारी कर करीब 70 कार्टन पटाखे जब्त किए गए। पुलिस के अनुसार, बरामद पटाखों की अनुमानित कीमत 8 से 10 लाख रुपये के बीच है। मौके से एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। इस कार्रवाई के बाद इलाके में अवैध पटाखों के कारोबार को लेकर हलचल बढ़ गई है।
पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर टेढ़ी घाट स्थित एक दुकान-मकान में तलाशी अभियान चलाया। छापेमारी के दौरान अलग-अलग कंपनियों के पटाखों के कार्टन मिले। पुलिस ने सभी पटाखों को जब्त कर लिया है। कार्रवाई राजस्व पदाधिकारी की ओर से नियुक्त मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में की गई, ताकि बरामदगी की प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जा सके।
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दीपावली के नजदीक आते ही पटना समेत राज्य के कई इलाकों में पटाखों की खरीद-बिक्री बढ़ जाती है। ऐसे में अवैध भंडारण और बिना अनुमति पटाखों की बिक्री को रोकना पुलिस और प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन जाता है। खासकर घनी आबादी वाले इलाकों में बड़ी मात्रा में पटाखे जमा करना सुरक्षा के लिहाज से गंभीर खतरा पैदा कर सकता है।
पटना के टेढ़ी घाट में देर रात पुलिस की छापेमारी
खाजेकलां थाना क्षेत्र के टेढ़ी घाट में पुलिस को एक दुकान-मकान में बड़ी मात्रा में पटाखे जमा किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने पहले उसकी पुष्टि की और फिर देर रात छापेमारी की। तलाशी के दौरान वहां करीब 70 कार्टन पटाखे रखे मिले। इनमें अलग-अलग कंपनियों के पटाखे शामिल थे।
खाजेकलां थाना प्रभारी के मुताबिक, जिस दुकान-मकान में छापेमारी की गई, वह सज्जन कुमार का बताया गया है। पुलिस ने परिसर की तलाशी लेकर पटाखों को अपने कब्जे में ले लिया। बरामदगी के बाद मौके पर मौजूद एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई।
पुलिस की इस कार्रवाई में मजिस्ट्रेट की मौजूदगी भी महत्वपूर्ण रही। प्रशासनिक अधिकारी की उपस्थिति में तलाशी और जब्ती की प्रक्रिया पूरी की गई, जिससे बरामद सामान का रिकॉर्ड तैयार किया जा सके। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इतनी बड़ी मात्रा में पटाखे वहां किस उद्देश्य से रखे गए थे और इनके भंडारण के लिए जरूरी अनुमति ली गई थी या नहीं।
पटना पुलिस को गुप्त सूचना से मिला सुराग
पटना सिटी के पुलिस अनुमंडल पदाधिकारी-दो शिव शंकर कुमार ने बताया कि पुलिस को टेढ़ी घाट में अवैध पटाखों के भंडारण की सूचना मिली थी। इसके बाद सूचना की पुष्टि की गई और टीम ने संबंधित दुकान-मकान में छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान करीब 70 कार्टन पटाखे बरामद हुए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत 8 से 10 लाख रुपये बताई गई है।
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अधिकारी के मुताबिक, मौके से एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह जानने का प्रयास कर रही है कि पटाखों की खेप कहां से लाई गई थी, इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था और इसके पीछे कोई बड़ा कारोबारी नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है।
हालांकि, बरामदगी के आधार पर अभी किसी बड़े नेटवर्क की पुष्टि नहीं हुई है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि पटाखों का भंडारण किसके निर्देश पर किया गया था और इसमें अन्य लोगों की भूमिका है या नहीं।
70 कार्टन पटाखों का भंडारण क्यों बना चिंता का विषय?
पटाखे सामान्य सामान की तरह नहीं होते। इनमें ज्वलनशील और विस्फोटक सामग्री होती है, इसलिए इनके भंडारण और बिक्री के लिए निर्धारित नियमों का पालन करना जरूरी है। बड़ी मात्रा में पटाखे किसी दुकान, मकान या संकरी गली में जमा किए जाने से आग लगने और विस्फोट का खतरा बढ़ सकता है।
खासकर पटना सिटी जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में इस तरह का भंडारण आसपास रहने वाले लोगों के लिए भी जोखिम पैदा कर सकता है। यदि किसी कारणवश आग लग जाए तो उसे नियंत्रित करना मुश्किल हो सकता है। आसपास की दुकानें और मकान भी इसकी चपेट में आ सकते हैं।
यही वजह है कि दीपावली से पहले पुलिस और प्रशासन अवैध पटाखों के भंडारण तथा बिक्री पर नजर रख रहे हैं। लाइसेंस और सुरक्षा संबंधी नियमों का उल्लंघन कर पटाखे जमा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। टेढ़ी घाट की बरामदगी को भी इसी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है।
दीपावली से पहले पटना में तेज हुआ जांच अभियान
दीपावली के दौरान पटाखों की मांग बढ़ने के कारण बाजार में इनकी खरीद-बिक्री तेज हो जाती है। इसी समय अवैध कारोबार करने वाले लोग भी बड़ी मात्रा में पटाखों का भंडारण कर सकते हैं। ऐसे में पुलिस के सामने केवल बिक्री रोकने की चुनौती नहीं होती, बल्कि उन ठिकानों का पता लगाना भी जरूरी होता है जहां पटाखे जमा किए जाते हैं।
पटना पुलिस ने त्योहार को देखते हुए अवैध पटाखों के भंडारण और बिक्री के खिलाफ अभियान चलाया है। अधिकारियों के अनुसार, नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की कोशिश है कि त्योहार के दौरान किसी तरह की अप्रिय घटना न हो और बाजारों तथा रिहायशी इलाकों में सुरक्षा बनी रहे।

इस कार्रवाई के बाद यह भी संभावना है कि पुलिस दूसरे इलाकों में पटाखों के गोदामों और दुकानों की जांच तेज करे। हालांकि, आगे किन स्थानों पर छापेमारी होगी, इसकी जानकारी अधिकारियों ने नहीं दी है।
हिरासत में लिए गए व्यक्ति से पूछताछ, सप्लाई की जांच
70 कार्टन पटाखों की बरामदगी के बाद पुलिस की जांच अब इनके स्रोत और संभावित खरीदारों तक पहुंचने पर केंद्रित है। हिरासत में लिए गए व्यक्ति से यह जानने की कोशिश की जा रही है कि पटाखे किससे खरीदे गए थे और इन्हें कहां बेचा जाना था।
जांच में यह भी देखा जाएगा कि संबंधित स्थान पर पटाखे रखने के लिए आवश्यक अनुमति और सुरक्षा व्यवस्था मौजूद थी या नहीं। यदि नियमों का उल्लंघन सामने आता है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पुलिस ने बरामद पटाखों को जब्त कर लिया है और मामले की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि दीपावली के मद्देनजर अवैध भंडारण और बिक्री के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।
टेढ़ी घाट में 8 से 10 लाख रुपये के पटाखों की बरामदगी ने त्योहार से पहले सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े किए हैं। 70 कार्टन पटाखे किस नेटवर्क के जरिए वहां पहुंचे और इनके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं, इसका खुलासा पुलिस की जांच के बाद ही होगा।
राजकुमार सिंह की रिपोर्ट
