हैदराबाद एयरपोर्ट को लगातार तीसरे दिन बम से उड़ाने की धमकी, हाई अलर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां
तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद स्थित Rajiv Gandhi International Airport पर रविवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एम्सटर्डम से आ रहे एक विमान में बम होने की धमकी भरा ईमेल मिला।
हैदराबाद: एम्सटर्डम से आ रही फ्लाइट को लेकर मिला धमकी भरा ईमेल
तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद स्थित Rajiv Gandhi International Airport पर रविवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एम्सटर्डम से आ रहे एक विमान में बम होने की धमकी भरा ईमेल मिला। लगातार तीसरे दिन मिली इस धमकी के बाद एयरपोर्ट प्रशासन, CISF, पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे एयरपोर्ट को हाई अलर्ट पर डाल दिया। यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए विमान की इमरजेंसी जांच शुरू की गई और एयरपोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया।
अधिकारिक सूत्रों के अनुसार, रविवार तड़के एयरपोर्ट के कस्टमर केयर विभाग को एक अज्ञात व्यक्ति की ओर से ईमेल प्राप्त हुआ। इस ईमेल में दावा किया गया था कि कुआलालंपुर एयरवेज की वह फ्लाइट, जो एम्सटर्डम से हैदराबाद आ रही थी, उसमें एक “मानवरहित बम” रखा गया है। ईमेल भेजने वाले ने यह भी चेतावनी दी कि विमान अपने गंतव्य तक पहुंचने से पहले किसी भी समय विस्फोट का शिकार हो सकता है।
धमकी मिलने के तुरंत बाद एयरपोर्ट प्रशासन ने आपातकालीन सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू कर दिए। एयर ट्रैफिक कंट्रोल, CISF, बम निरोधक दस्ता और स्थानीय पुलिस को अलर्ट कर दिया गया। विमान की लैंडिंग को लेकर विशेष निगरानी रखी गई। राहत की बात यह रही कि विमान ने सुरक्षित तरीके से हैदराबाद एयरपोर्ट पर लैंडिंग कर ली।
विमान के उतरते ही उसे मुख्य टर्मिनल से दूर आइसोलेशन बे में भेज दिया गया, जहां सुरक्षा एजेंसियों ने उसकी गहन तलाशी शुरू की। बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड (BDDS) और डॉग स्क्वॉड की टीमों ने विमान के हर हिस्से की जांच की। यात्रियों के सामान की भी अलग से स्क्रीनिंग की गई। फिलहाल जांच एजेंसियां पूरे मामले की तह तक पहुंचने की कोशिश कर रही हैं।
हैदराबाद एयरपोर्ट को लगातार तीसरे दिन मिली धमकी ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। इससे पहले शनिवार को भी एक अज्ञात व्यक्ति ने ईमेल भेजकर दावा किया था कि मलेशिया से आने वाली एयरएशिया की फ्लाइट में बम रखा गया है। उस ईमेल में भी कहा गया था कि विमान को हैदराबाद पहुंचने से पहले हवा में उड़ा दिया जाएगा। हालांकि जांच में उस समय भी कुछ संदिग्ध नहीं मिला था।
इससे पहले शुक्रवार को जर्मनी के फ्रैंकफर्ट से आने वाली लुफ्थांसा एयरलाइंस की उड़ान को निशाना बनाकर धमकी दी गई थी। उस मामले में भी एयरपोर्ट प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए विमान की जांच कराई थी। लगातार तीन दिनों तक मिली धमकियों ने एयरपोर्ट सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि ये धमकियां किसी शरारती तत्व की करतूत हो सकती हैं, लेकिन किसी भी खतरे को हल्के में नहीं लिया जा सकता। इसी वजह से एयरपोर्ट परिसर में यात्रियों की स्क्रीनिंग और बैगेज चेकिंग को पहले से ज्यादा सख्त कर दिया गया है। एयरपोर्ट के संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं और निगरानी बढ़ा दी गई है।
सूत्रों के मुताबिक, जांच एजेंसियां अब इन ईमेल्स के आईपी एड्रेस और डिजिटल लोकेशन को ट्रैक करने में जुटी हैं। साइबर क्राइम विशेषज्ञों की मदद ली जा रही है ताकि धमकी भेजने वाले व्यक्ति या गिरोह की पहचान की जा सके। शुरुआती जांच में यह भी देखा जा रहा है कि क्या इन तीनों धमकियों के पीछे एक ही व्यक्ति या संगठित नेटवर्क का हाथ है।
लगातार मिल रही धमकियों के कारण यात्रियों में भी चिंता का माहौल देखा जा रहा है। हालांकि एयरपोर्ट प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और सुरक्षा एजेंसियों के निर्देशों का पालन करें। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि एयरपोर्ट और उड़ानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि हाल के वर्षों में एयरपोर्ट्स और एयरलाइंस को ईमेल के जरिए फर्जी बम धमकियां मिलने के मामलों में बढ़ोतरी हुई है। ऐसे मामलों में सुरक्षा एजेंसियों को हर सूचना को गंभीरता से लेना पड़ता है, क्योंकि जरा सी लापरवाही बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
पटना से भूमि आर्या की रिपोर्ट
