जमालपुर में पानी की टंकी पर चढ़ा रेलकर्मी, करीब एक घंटे तक मचा हड़कंप; याद आया ‘शोले’ का वीरू
पानी की टंकी पर चढ़ा रेलकर्मी
निष्कर्ष भारत संवाददाता- मुंगेर के जमालपुर में सोमवार को उस वक्त रेलवे परिसर में अफरातफरी मच गई, जब विद्युत शाखा में कार्यरत एक रेलकर्मी अचानक जुबली बेल स्थित रेलवे की पानी की टंकी पर चढ़ गया। टंकी के ऊपर पहुंचने के बाद रेलकर्मी जोर-जोर से शोर मचाने लगा। यह देखकर आसपास मौजूद लोगों की नजर उसकी ओर गई और कुछ ही देर में मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई।
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे प्रशासन के साथ आरपीएफ, जीआरपी और जमालपुर पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस और रेलवे अधिकारियों ने काफी देर तक रेलकर्मी से बातचीत कर उसे नीचे उतरने के लिए समझाया, लेकिन वह अपनी जिद पर अड़ा रहा। करीब एक घंटे तक चले इस घटनाक्रम के बाद रेलकर्मी खुद ही पानी की टंकी से नीचे उतर आया। इसके बाद पुलिस और आरपीएफ के जवानों ने उसे पूछताछ के लिए अपने साथ ले गए।
पानी की टंकी पर चढ़ते ही जुटने लगी भीड़
जानकारी के अनुसार, रेलवे की विद्युत शाखा में कार्यरत छोटेलाल चौधरी, जो रेल कॉलोनी रामपुर के रहने वाले बताए जा रहे हैं, सोमवार को अचानक जुबली बेल स्थित रेलवे की पानी की टंकी पर चढ़ गए।
टंकी पर पहुंचने के बाद उन्होंने ऊपर से शोर मचाना शुरू कर दिया। रेलवे परिसर में मौजूद लोगों ने जब उन्हें पानी की टंकी के ऊपर देखा तो तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं।
देखते ही देखते आसपास के लोग मौके पर पहुंचने लगे। कुछ ही देर में रेलवे परिसर में काफी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई। लोग यह समझने की कोशिश कर रहे थे कि आखिर रेलकर्मी पानी की टंकी पर क्यों चढ़े हैं और नीचे आने से क्यों इनकार कर रहे हैं।
रेलवे अधिकारी और पुलिस मौके पर पहुंचे
घटना की जानकारी रेलवे प्रशासन को मिलते ही जमालपुर स्टेशन प्रबंधक दीपक कुमार मौके पर पहुंचे। उनके साथ आरपीएफ, जीआरपी और जमालपुर थाना पुलिस की टीम भी वहां पहुंच गई।
स्थिति को देखते हुए पुलिस और रेलवे जवानों ने रेलकर्मी से बातचीत शुरू की। उसे समझाने और सुरक्षित तरीके से नीचे उतारने की कोशिश की गई।
काफी देर तक जवानों और अधिकारियों ने उससे बातचीत की, लेकिन रेलकर्मी नीचे उतरने के लिए तैयार नहीं हुआ। वह लगातार अपनी बात पर अड़ा रहा।
स्थिति को देखते हुए मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों और अन्य लोगों को कुछ देर के लिए पानी की टंकी के नीचे से हटा लिया गया, ताकि किसी तरह की अप्रिय स्थिति न बने।
खुद ही नीचे उतर आया रेलकर्मी
काफी देर तक टंकी पर रहने के बाद आखिरकार रेलकर्मी छोटेलाल चौधरी खुद ही नीचे उतर आए। उनके नीचे आते ही पुलिस और आरपीएफ के जवानों ने उन्हें अपने कब्जे में लिया।
इसके बाद उनसे घटना को लेकर पूछताछ की गई। पुलिस उन्हें थाना ले गई, जहां पूरे घटनाक्रम के बारे में जानकारी ली गई।
पूछताछ पूरी होने के बाद रेलकर्मी को छोड़ दिया गया। पुलिस की ओर से घटना के पीछे की वजह को लेकर कोई विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
करीब एक घंटे तक रेलवे परिसर में रहा हड़कंप
रेलवे की पानी की टंकी पर रेलकर्मी के चढ़ने की घटना के कारण करीब एक घंटे तक रेलवे परिसर में हड़कंप की स्थिति बनी रही।
रेलवे स्टेशन और आसपास के इलाके में मौजूद लोग लगातार घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए थे। पुलिस और रेलवे प्रशासन के अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे और रेलकर्मी को सुरक्षित नीचे उतारने का प्रयास करते रहे।
राहत की बात यह रही कि पूरे घटनाक्रम में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। रेलकर्मी के नीचे उतरने और पुलिस द्वारा पूछताछ के बाद स्थिति सामान्य हो गई।
लोगों को याद आया ‘शोले’ का वीरू
रेलवे की पानी की टंकी पर रेलकर्मी के चढ़ने का दृश्य देखकर मौके पर मौजूद कई लोगों को हिंदी सिनेमा की चर्चित फिल्म ‘शोले’ का मशहूर दृश्य याद आ गया।
फिल्म ‘शोले’ में अभिनेता धर्मेंद्र का किरदार वीरू भी पानी की टंकी पर चढ़कर हंगामा करता दिखाई देता है। फिल्म का यह दृश्य हिंदी सिनेमा के सबसे चर्चित दृश्यों में गिना जाता है।
जमालपुर में जब लोगों ने रेलकर्मी को पानी की टंकी के ऊपर देखा तो कई लोगों ने मजाकिया अंदाज में इसे ‘शोले’ के वीरू वाले दृश्य से जोड़ दिया।
हालांकि, यहां न वीरू था, न बसंती और न ही मौसी, लेकिन पानी की टंकी पर चढ़े रेलकर्मी के कारण लोगों को फिल्म का वह चर्चित दृश्य जरूर याद आ गया।
घटना के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं
फिलहाल रेलकर्मी पानी की टंकी पर क्यों चढ़े थे, इसका स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। पुलिस ने पूछताछ के बाद उन्हें छोड़ दिया है।
रेलवे परिसर में अचानक हुई इस घटना ने कुछ समय के लिए लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर भी घटना की चर्चा होती रही।
प्रशासन के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह रही कि रेलकर्मी को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया और किसी तरह की बड़ी घटना नहीं हुई।
फिलहाल मामले में किसी तरह की कानूनी कार्रवाई की सूचना नहीं है। रेलकर्मी से पूछताछ के बाद उसे छोड़ दिया गया है।
भूमि आर्या की रिपोर्ट
