JDU का Gen Z पर फोकस, निशांत कुमार संभालेंगे युवा कनेक्ट की कमान; बूथ स्तर तक पहुंचेगा अभियान

निशांत कुमार

निशांत कुमार मानसून के बाद बिहार यात्रा पर निकल सकते हैं। Student Credit Card, कुशल युवा योजना और रोजगार योजनाओं के जरिए युवाओं से संवाद की रणनीति है।

पटना: बिहार की राजनीति में युवा वोटरों को साधने की तैयारी तेज हो गई है। जनता दल यूनाइटेड (JDU) अब सीधे तौर पर Gen Z यानी नई युवा पीढ़ी पर अपना फोकस बढ़ाने की रणनीति पर काम कर रही है। पार्टी के स्तर पर माना जा रहा है कि आने वाले समय में 20 से 25 वर्ष की उम्र के युवा बिहार की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। इसी को देखते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र और स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार की राजनीतिक सक्रियता आने वाले महीनों में और बढ़ने की संभावना है।

पार्टी सूत्रों के अनुसार, मानसून खत्म होने के बाद निशांत कुमार एक बार फिर बिहार यात्रा पर निकल सकते हैं। इस दौरान उनका मुख्य फोकस प्रदेश के युवाओं, खासकर Gen Z से संवाद स्थापित करने पर रहेगा। पार्टी की कोशिश है कि युवा पीढ़ी को नीतीश कुमार के लंबे शासनकाल में युवाओं के लिए लागू की गई योजनाओं और नीतियों की जानकारी सीधे उनके बीच जाकर दी जाए।

निशांत का Gen Z कनेक्ट पर जोर

JDU की रणनीति के केंद्र में वह युवा वर्ग है जिसने नीतीश कुमार के सत्ता में आने से पहले का बिहार नहीं देखा है। पार्टी का मानना है कि 20 से 25 वर्ष के युवाओं का बड़ा हिस्सा ऐसा है, जिसने वर्ष 2005 से पहले के बिहार को व्यक्तिगत रूप से नहीं देखा। ऐसे में युवा मतदाताओं के बीच यह बताने की कोशिश होगी कि पिछले दो दशकों में राज्य में क्या बदलाव हुए और युवाओं के लिए कौन-कौन सी योजनाएं शुरू की गईं।

निशांत कुमार का जोर युवाओं से सीधे संवाद पर है। पार्टी के स्तर पर यह संदेश दिया जा रहा है कि सिर्फ योजनाओं का प्रचार करने के बजाय युवाओं की समस्याओं और उनकी अपेक्षाओं को भी समझने की जरूरत है। इसके लिए जिला स्तर से लेकर बूथ स्तर तक संपर्क अभियान चलाने की तैयारी है।

एक-एक बूथ पर Gen Z तक पहुंचने का टारगेट

JDU की युवा इकाई को इस अभियान को जमीनी स्तर तक ले जाने की जिम्मेदारी दी गई है। पार्टी की रणनीति में एक-एक बूथ को केंद्र में रखकर युवाओं तक पहुंचने पर जोर दिया गया है। यानी अभियान केवल बड़े शहरों या जिला मुख्यालयों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पंचायत और बूथ स्तर तक Gen Z से संपर्क स्थापित करने की कोशिश होगी।

युवा JDU के कार्यकर्ताओं को युवाओं के बीच जाकर सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों की जानकारी देने के साथ-साथ उनसे बातचीत करने का टास्क दिया जा सकता है। पार्टी यह जानने की कोशिश करेगी कि युवा रोजगार, शिक्षा, कौशल विकास, प्रतियोगी परीक्षाओं, स्वरोजगार और अन्य मुद्दों पर क्या चाहते हैं।

Student Credit Card योजना को बनाएगा प्रमुख मुद्दा

Gen Z के बीच पहुंच बनाने के लिए JDU सरकार की उन योजनाओं को प्रमुखता से सामने रखेगा, जिनका सीधा संबंध विद्यार्थियों और युवाओं से है। इनमें बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना अहम होगी।

पार्टी के मुताबिक, जब बैंकों की ओर से शिक्षा ऋण देने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था, तब राज्य सरकार ने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना शुरू की। इसके तहत उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई।

इसके साथ ही युवाओं को दी जाने वाली छात्रवृत्ति, छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थियों के लिए सुविधाएं और शिक्षा से जुड़ी अन्य योजनाओं को भी अभियान का हिस्सा बनाया जाएगा।

सात निश्चय और रोजगार योजनाओं का भी होगा जिक्र

JDU युवाओं के बीच नीतीश कुमार सरकार के सात निश्चय कार्यक्रम के तहत शुरू की गई योजनाओं को भी प्रमुखता से रखेगा। पार्टी का प्रयास होगा कि युवाओं को बताया जाए कि शिक्षा, कौशल विकास और रोजगार से जुड़े क्षेत्रों में सरकार ने कौन-कौन से कदम उठाए हैं।

युवाओं के लिए शुरू की गई कुशल युवा कार्यक्रम योजना का भी उल्लेख किया जाएगा। इसका उद्देश्य युवाओं को रोजगार के लिए आवश्यक कौशल प्रदान करना रहा है।

इसी तरह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ता योजना को भी अभियान में शामिल किया जाएगा। JDU इन योजनाओं के जरिए युवाओं को यह संदेश देने की कोशिश करेगा कि राज्य सरकार की नीतियों में युवा वर्ग को विशेष स्थान दिया गया है।

रोजगार और नौकरियों पर भी होगी चर्चा

Gen Z से संवाद के दौरान रोजगार और सरकारी नौकरियां भी अहम मुद्दा रहने वाली हैं। पार्टी की ओर से नीतीश कुमार के शासनकाल में रोजगार और नियुक्तियों की स्थिति से जुड़े आंकड़े युवाओं के सामने रखे जाएंगे।

हालांकि, यह अभियान सिर्फ सरकार की उपलब्धियां गिनाने तक सीमित नहीं रहने की बात कही जा रही है। निशांत कुमार ने युवाओं के बीच जाकर उनकी जरूरतों और अपेक्षाओं को समझने पर भी जोर दिया है। उनका मानना है कि युवा ही आने वाले बिहार का भविष्य हैं और उनकी समस्याओं को समझकर नीतियों को आगे बढ़ाना जरूरी है।

स्वास्थ्य विभाग में भी निशांत की सक्रियता बढ़ी

राजनीतिक स्तर पर युवाओं के बीच सक्रियता बढ़ाने के साथ निशांत कुमार की गतिविधियां स्वास्थ्य विभाग में भी तेज हुई हैं। स्वास्थ्य मंत्री के तौर पर वह अस्पतालों का निरीक्षण कर रहे हैं और मरीजों तथा उनके परिजनों से सीधे बातचीत कर समस्याओं की जानकारी ले रहे हैं।

अस्पतालों में दवाओं की उपलब्धता, मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं और स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी स्थिति की भी समीक्षा की जा रही है। इस तरह निशांत कुमार की सक्रियता अब राजनीतिक संगठन और सरकार, दोनों मोर्चों पर दिखाई दे रही है।

बिहार की राजनीति में युवा वोटरों पर बढ़ा फोकस

बिहार की राजनीति में युवा मतदाताओं की भूमिका लगातार महत्वपूर्ण होती जा रही है। ऐसे में JDU का Gen Z पर विशेष फोकस आने वाले समय में पार्टी की चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा बन सकता है।

निशांत कुमार की संभावित बिहार यात्रा और बूथ स्तर तक युवा संपर्क अभियान के जरिए JDU नई पीढ़ी के साथ सीधा राजनीतिक संवाद स्थापित करना चाहता है। अब देखना होगा कि पार्टी की यह रणनीति Gen Z के बीच कितनी प्रभावी साबित होती है और युवा मतदाता नीतीश कुमार के विकास मॉडल और योजनाओं को किस नजरिए से देखते हैं।

Nishkarsh Bharat

पटना से भूमि आर्या की रिपोर्ट

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